Tuesday, September 28 2021

August 24, 2021

बजूद की जंग लड़ता आगरा का ऐतिहासिक सिटी स्टेशन

( राजीव सक्सेना द्वारा ) आगरा – यदि आगरा के ऐतिहासिक सिटी स्टेशन की बात की जाये तो कच्छ के मिस्त्रियों का नाम शायद ही कभी भुलाया जा सके। अब यह ऐतिहासिक स्टेशन,बजूद की जंग लड़ रहा है। जब 1850 के दशक में अंग्रेजों ने ब्रिटिश भारत में रेलवे लाइनें बिछाना शुरू किया, तो कच्छ के मिस्त्रियों ने पलायन करने का फैसला करते हुए रेलवे के लिए पुलों और रेलवे पटरियों के निर्माण में अपने कौशल को आजमाने का फैसला किया। जिससे कच्छ से उनका व्यापक प्रवास हुआ और ब्रिटिश भारत में रेलवे का निर्माण उनका उल्लेखनीय योगदान रहा। ये मिस्त्री प्रमुख रेल-पुलों के निर्माण और अविभाजित ब्रिटिश भारत के लगभग सभी प्रमुख रेल मार्गों में रेलवे ट्रैक बिछाने में शामिल थे। रेलवे निर्माण में उनका काम 1850 से 1930 तक एक चौथाई सदी से भी अधिक समय तक चला।आगरा के सिटी स्टेशन का निर्माण 1903 में हाजापार के मावजी मांजी के नेतृत्व में किया गया था। कुकमा के प्रेमजी कल्याण आगरा सिटी स्टेशन के एजेंट थे।